16/12/2025
रिपोर्ट : वरुण वैध
केंदुआ : धनबाद के केन्दुआडीह गैस रिसाव कांड के 15वें दिन आखिरकार गैस पर काबू पाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया। प्रभावित क्षेत्र में बोर होल कर नाइट्रोजन गैस डालने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। प्रक्रिया शुरू होने से पहले जिला आपदा प्रबंधन की ओर से अनाउंसमेंट कराते हुए लोगों से बोर होल वाले इलाके से दूर रहने की अपील की गई। मौके पर डीजीएमएस (DGMS) और सिंफर (CIMFR) के वैज्ञानिकों की टीम लगातार निगरानी बनाए हुए है। सुरक्षा को देखते हुए पूरे क्षेत्र को अलर्ट मोड पर रखा गया है, ताकि किसी भी तरह की अनहोनी से बचा जा सके।इस बोर होलिंग और गैस नियंत्रण कार्य में आईआईटी (आईएसएम) धनबाद, सीएमपीडीआई (CMPDI), सिंफर (CIMFR) सहित कई वैज्ञानिक संस्थानों की विशेषज्ञ टीमें लगी हुई हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि नाइट्रोजन गैस डालकर भूमिगत गैस के दबाव और रिसाव को नियंत्रित करने की कोशिश की जा रही है।वहीं स्थानीय लोगों ने इसे जन आंदोलन की जीत बताया है। लोगों का कहना है कि पिछले 15 दिनों से बीसीसीएल और जिला प्रशासन द्वारा मामले को लेकर टालमटोल किया जा रहा था, लेकिन लगातार विरोध और दबाव के बाद अब ठोस कार्रवाई शुरू हुई है। प्रभावित क्षेत्र के निवासियों को उम्मीद है कि इस प्रक्रिया से जहरीली गैस के रिसाव पर जल्द ही पूरी तरह रोक लगेगी और वे सुरक्षित अपने घरों में लौट सकेंगे।फिलहाल प्रशासन और वैज्ञानिक टीमें स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं।